बहन की चुदाई खेल खेल में
हॉट सिस्टर सेक्स प्ले स्टोरी में पढ़ें कि मैं अपनी चचेरी बहन से साथ गुड्डा गुड्डी की शादी का खेल खेला करता था. खेल खेल में ही हमने असली सुहागरात मना डाली आपस में!
दोस्तो और प्यारी चुदासी भाभियो, मेरी यह कहानी भाई बहन की कहानी है जो एक सत्य घटना है.
मेरी बहन का नाम अंकिता है. (बदला हुआ नाम)
वह देखने में एक नम्बर की माल लगती है.
उसको देख कर अच्छे अच्छों के लंड से पानी निकल आए.
मेरी सेक्सी बहन का बदन 34-30-32 साइज का है.
यह हॉट सिस्टर सेक्स प्ले स्टोरी कुछ समय पहले की है जब मैं 19 साल का था.
मैं और मेरी बहन यानि मेरे बड़े पापा को लड़की … हम दोनों की बहुत बनती थी, हमेशा हम साथ साथ खेला करते थे.
खेल खेल में हम गुड्डा गुड्डी की शादी करते थे और उनकी सुहागरात मनाते थे.
इस खेल खेल में मेरी बहन बहुत उत्तेजित हो जाती और बोलती- अब अपनी शादी होगी!
और हम रोज खेलते.
एक दिन हमने शादी की.
और वह दुल्हन जैसे बैठी थी.
जिस दिन ये सब हुआ, हमारे घर वाले बाहर गए थे.
शादी होने के बाद जो खेल खेलना था, वो मुझे अच्छे से मालूम था.
मेरी बहन भी बहुत अच्छी तरह से गर्म हो रही थी.
मैंने उसके मुंह से साड़ी हटाई और उसकी देखने लग गया.
उसके बाद मैंने उसको किस किया और हम दोनों ने 10 मिनट तक किस की.
तब उसके बाद एक एक कर के कपड़े उतार दिए हम दोनों ने एक दूसरे के!
मेरी बहन मेरे सामने ब्रा और पैंटी में थी.
वह इतनी मस्त माल थी कि क्या बताऊं … मैं देखता ही रह गया!
उसके बाद मैंने धीरे धीरे कर के उसकी ब्रा उतारी और उसके चूचे चूसने लगा.
वह हा हम्म हहा की सिसकारी लेने लग गई.
उसके बाद मैंने उसकी चूत में उंगली डाल दी और उसकी चूत पूरी गीली हो रही थी.
फिर मेरी बहन मेरे लन्ड को चड्डी के ऊपर से सहलाने लगी.
उसे मेरा लंड काफी बड़ा लगा तो उसने मेरा लन्ड चड्डी में से बाहर निकाला.
वो निकलते ही मेरा लंड देख कर से ही घबरा गई- इतना बड़ा लन्ड …मैं कैसे लूंगी? मैंने अभी तक नहीं करा है कभी!
मेरे लन्ड का साइज़ 7 इंच लम्बा 3 इन्च मोटा है.
ये अच्छी अच्छी लड़की को शांत कर चुका है.
अपनी बहन का डर देख कर मैंने उसे लन्ड चूसने को कहा.
पहले तो वह मना करने लगी पर बाद में चूसने लगी.
और वह इतने अच्छे से चूस रही थी कि मानो मुझे जन्नत मिल गई है.
10 मिनट बाद मैंने उसके मुंह में माल निकाल दिया जिसको वह पूरा पी गई.
फिर मैं उसकी चूत में मुंह लगा के चाटने लगा.
उसकी चूत पूरी गीली हो रही थी, चूत की खुशबू मुझे बहुत अच्छी लग रही थी.
और वह मेरा सर अपनी चूत में दबा रही थी.
थोड़ी देर में उसकी चूत का पानी निकल गया और मैं उसको पूरा पी गया.
उसके बाद फिर मैं उसको किस करता, कभी चूचे चूसता.
हम दोनों गर्म हो गए.
अब वह बोलने लगी- बिना देर करे डाल दे … मेरे से रहा नहीं जा रहा है.
और फिर मैं उसको लेटा कर उसकी चूत में लन्ड रगड़ने लगा.