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ससुर जी ने मेरी सील तोड़ सुहागरात मनाई- 2

Story Hindi 4 pages 14 years ago

ससुर जी ने मेरी सील तोड़ सुहागरात मनाई- 2
Xxx बहू ससुर सेक्स कहानी में मेरे पति मुझे सुहागरात में चोद नहीं पाए. मेरे ससुर को मेरी जवानी भा गयी. उन्होंने मुझे एक रात चोद कर मेरी सील तोड़ कर मुझे बहुत मजा दिया. उसके बाद …
कहानी के पहले भागसुहागरात में पति की नाकामी
में आपने पढ़ा कि मैं अपनी कुंवारी चूत अपनी सुहागरात के अरमान संजोये लेकर अपने पति के घर आयी.
पर पहली रात में ही मेरा पति दरवाजे पर ही गिर गया, दरवाजा पार भी नहीं कर पाया.
उसके बाद वह ड्यूटी पर चला गया और पति के पीछे मैं सेक्स के लिए तड़पने लगी.
उधर मेरे ससुर काफी हृष्ट पुष्ट थे और वे अपनी वासना भरी नजर मेरी जवानी पर गड़ाये हुए थे.
मैं भी उनकी गर्म नज़रों से गर्म हो जाती थी.
आखिर एक रात मेरे ससुर मेरे बिस्तर पर आये और मुझे गर्म करके मेरी चूत में लंड पेल कर मेरी सील तोड़ दी.
यह कहानी सुनें.

Xxx Bahu Sasur Sex Kahaniअब आगे Xxx बहू ससुर सेक्स कहानी:
काफी देर तक ससुर जी अपना लन्ड मेरी चूत में डाले हुए मेरे ऊपर लेटे रहे.
अभी भी ससुर जी का लन्ड मेरी चूत में फंसा हुआ था.
काफी देर बाद ससुर जी ने अपना लन्ड खींचकर निकाला तो मेरी चूत में से खून और ससुर जी का वीर्य बहने लगा और चादर पर गिरने लगा.
ससुर जी का लन्ड भी मेरी चूत के खून और पानी से चमक रहा था.
ससुर जी- रेनू मेरी जान, तू तो अभी तक कुंवारी थी. क्या सुहागरात को कुछ नहीं हुआ?
मैंने धीरे से गर्दन ना में हिला दी.

ससुर जी- रेनू मेरी जान, मुझे बता!
और उन्होंने मुझे अपनी बाहों में ले लिया.
मैं- सुहागरात को पापा जी, उनसे कुछ नहीं हुआ. और अगले दिन मेरी डेट आ गई.
ससुर जी- रेनू, लगता है तेरी सील तोड़ना मेरी किस्मत में था. आज तुमने जो मुझे अपने हुस्न का रसपान कराया, ऐसा मैंने अपनी जिंदगी में कभी नहीं किया.
मैं- पापा जी आपने ही मेरी सील तोड़ कर असली सुहागरात मेरे साथ मनाई और मुझे औरत होने का अहसास कराया.
ससुर जी- रेनू, तेरे जैसा शरीर और बूब्स और तेरी रसभरी चूत और गुलाबी रस भरे होंठ मैंने कभी नहीं देखे.
मैं- अब तो पापा जी आप ही मेरे पति हो. क्योंकि आपने ही मेरी सील तोड़ी. मेरा अरमान था कि मैं अपनी सील पैक चूत अपने पति को ही अर्पण करूंगी.
आगे मैं बोली- आपने जो मुझे सुहागरात का आनंद देकर मुझे भरपूर औरत बनाया इसलिए आप मेरे मन मंदिर में पति की तरह हमेशा रहोगे.
ससुर जी- मैं हमेशा जिंदगी भर तेरा गुलाम रहूंगा मेरी जान!
मैं बाथरूम जाने के लिए उठने लगी तो दर्द के बारे में से उठा नहीं गया.
फिर ससुर जी ने मुझे अपनी गोद में उठाकर बाथरूम में सुसु करा कर और मेरी चूत को और अपने लौड़े को धोकर मुझे अपनी गोद में वापस लाकर बेड पर लिटा दिया.
ससुर जी ने फिर मुझे अपनी बाहों में लेकर मेरे होठों को और मेरे बूब्स के निप्पल को चूसना शुरू कर दिया.

और जल्दी ही ससुर जी का लन्ड फिर से अपने पूरे उफान पर आ गया.
ससुर जी फिर मेरे ऊपर चढ़कर मेरी चुदाई करने लगे.
Xxx बहू ससुर सेक्स में इस बार भी मैं दो बार झड़ चुकी थी और ससुर जी एक बार!
फिर से ससुर जी ने अपना गाढ़ा गाढ़ा ढेर सारा वीर्य लबालब मेरी चूत में भर दिया.
ससुर जी ने उस रात मुझे तीन बार ताबड़तोड़ जमकर चोदा.
सुबह 4:00 बजे मैं और ससुर जी नंगे ही एक दूसरे की बाहों में सो गए.
सुबह 7:00 बजे अलार्म से मेरी आंख खुली.
तो मैंने देखा ससुर जी सो रहे थे.
मैं अपनी निगाहों से टकटकी लगाकर उनको निहारने लगी और ससुर जी पर मेरा प्यार उमड़ने लगा.
मैंने अपने खुले बालों का बादल बनाकर ससुर जी के चेहरे पर ढक कर उनके होठों पर एक लंबा चुंबन ले लिया.
तभी ससुर जी की आंख खुल गई और उन्होंने मुझे अपनी बाहों में भींच कर अपने ऊपर खींच लिया.
मैं- सुनो जी, सुबह हो गई. अब आप अपने कमरे में चले जाओ. और हाँ, मेरी नाइटी पंखे से उतार कर दे दो. और आप रात को नंगे ही चले आये थे. मम्मी को मालूम चल गया तो आफत आ जाएगी.
ससुर जी ने मेरे होठों पर चुंबन लेकर कहा- तुम अपनी सास की चिंता मत करो.
उनके जाने के बाद मैं लड़खड़ा के ड्रेसिंग टेबल के सामने शीशे में अपने आप को देखा.
तो मेरे पूरे शरीर पर निशान पड़े थे.
ससुर जी ने मेरे दोनों बूब्स, गालों, पेट, गर्दन पर दांतों से काटने चूसने के निशान डाल दिये थे.
और मेरे पूरे शरीर पर ससुर जी के छाती के सफेद काले बाल चिपके हुए थे जिनको देखकर मैं शरमा कर पानी पानी हो रही थी.
मैं नाइटी पहन कर टांगे चौड़ी कर लड़खड़ा कर रसोई में नाश्ता बनाने के लिए चली तो मेरी सास और ससुर जी मेरी चाल, मेरी हालत देख कर मन्द मन्द मुस्कुरा रहे थे.
सास रसोई में आकर प्यार से मुझे गाल पर किस करते हुए बोली- मेरी लाडो, तेरी तबीयत ठीक नहीं है. ला मैं बनाती हूँ आज नाश्ता!
मैं- मम्मी जी … वो मैं फिसल गई थी इसलिए चलने में दिक्कत हो रही है. आप रहने दो, मैं बना लूंगी नाश्ता!
सास- मैं बनाती हूँ. तू गर्म गर्म पानी में फिटकरी और नमक डालकर अच्छी तरह से नहा ले, आराम आ जाएगा.
Xxx बहू ससुर सेक्स के बाद मुझे ऐसे नहाने से काफी आराम मिला.
अब ससुर जी पति की तरह मेरे बेडरूम में मुझे चोदने लगे और अपनी बाहों में भर कर सोते.
एक महीने बाद मेरी डेट नहीं आई.
ससुर जी का बीज मेरे गर्भ में पनपने लगा.
मैंने ससुर जी को बताया- सुनो जी, मैं आपके बच्चे की मां बनने वाली हूं.
सुन कर ससुर जी ने मुझे अपनी बाहों में भर कर मेरे मुंह को चूम लिया.
ससुर जी ने सास को भी बताया तो दोनों खुश हो कर मुझे प्यार से पुचकारने लगे.
उस रात ससुर जी ने मुझे काफी सावधानी से चोदा जिससे बच्चे को नुकसान ना हो.
चुदाई के बाद मैं ससुर जी से बोली- सुनो जी, पहली रात को आपके बेटे से कुछ नहीं हुआ था. यह आपके बेटे को मालूम है. फिर वे डयूटी पर चले गए थे.

अगर मैं आपके बच्चे को जन्म दूँगी तो आपके बेटे को मालूम चल जाएगा. मैं बदनाम हो गई तो कहीं मुंह दिखाने लायक नहीं रहूँगी.
ससुर जी- तुम कह तो ठीक रही हो. मेरे बच्चे की मां तो फिर बन जाओगी.
मैं- अब तो मैं आपकी हूं आप जब चाहे मुझे अपने बच्चे की मां बना देना, मैं मना नहीं करूंगी. अब मेरे शरीर पर आपके बेटे से ज्यादा आपका हक है.
ससुर जी- मेरी रेनू जान, आज मैं तुम्हें बहुत बड़ा अधिकार देना चाहता हूं. मेरे ऊपर भी तुम्हारा एक पत्नी की तरह अधिकार होगा.
फिर ससुर जी ने मेरे ड्रेसिंग टेबल से सिंदूर निकालकर मेरी मांग में भर दिया.
मैंने भी एक पत्नी की तरह ससुर जी के पैर छूकर अपनी मांग को छुआ- आज से आप मेरे पति हो और मैं आपकी पत्नी मेरे पूरे शरीर पर आपका अधिकार पहले है. रिश्तेदारों और समाज के सामने आप मेरे ससुर जी हो लेकिन अकेले में रात को आप मेरे पति हो!
ससुर जी- रेनू, क्या तुम एक वादा मुझसे और करोगी?
मैं- हुक्म करो मेरे सरताज, आपने ही मेरी चूत की सील तोड़ कर मुझे संपूर्ण औरत बनाया, आप जो बोलोगे मैं वह सब करूंगी, एक पत्नी की तरह आपका हर आदेश मानूंगी!
ससुर जी- अब तुम मेरे लिए हर साल करवा चौथ का व्रत रखना!
यह बोलकर ससुर जी ने मुझे अपनी बाहों में भर कर मेरे गुलाबी रस भरे होठों पर एक लंबा चुंबन लिया.
मैं- आज से मैं आपके लिए करवा चौथ का व्रत जरूर रखूंगी!
यह वादा करके मैंने भी ससुर जी के होठों से अपने गुलाबी होंठ भिड़ा दिए.
ससुर जी ने मेरी सास को भी समझाया.
मेरी सास ने गोली लाकर मुझे दी जिससे बच्चा गिर गया.
अब ससुर जी मुझे चोदते समय कंडोम लगाते या फिर अपना वीर्य मेरे होठों पर या मेरे दोनों बूब्स पर निकालते.
3 महीने बाद पति छुट्टी पर आया तो पहली रात को तो उनका जल्दी निकल गया.
लेकिन मैंने पति को सहारा देकर उनका लन्ड मेरी चूत में लिया.
अब वे मुझे ठीक से चोदने लगे थे.
तब मैंने जमकर पति के लन्ड से चुदाई करवाई और प्रेगनेंट हो गयी.
पति के जाने के बाद ससुर जी फिर मेरे पति की तरह मुझे चोदने लगे.
चोद चोद कर उन्होंने मेरे दोनों बूब्स का साइज़ काफी बढ़ा दिया
और मेरे चूतड़ भी बढ़ कर उभार ले चुके थे.
फिर मैंने एक लड़की को जन्म दिया जो कि मेरे पति की चुदाई से मिली थी.
जब पति घर पर छुट्टी पर आते तो मैं पति के साथ पत्नी की तरह अपना फर्ज निभाती.
और जब पति अपनी ड्यूटी पर चले जाते तो ससुर जी के साथ बीवी की तरह अपना फर्ज निभाती.
मेरे ससुर जी रात दिन ताबड़तोड़ मेरी चुदाई करते.
मैं भी ससुर जी के साथ बीवी के तरह खुल गई थी और उनके लंबे मोटे लौड़े से बीवी की तरह चुदने लगी.
ससुर जी रात को मेरे साथ ही मेरे बेडरूम पर मुझे नंगी करके अपनी बाहों में लेकर सोते और रात दिन मेरी जमकर चुदाई करते.

ससुर जी ने ही जैसे मेरी कुंवारी चूत की सील तोड़ कर मेरी चूत का उद्घाटन किया, उसी तरह ससुर जी ने ही मेरी गांड का भी उद्घाटन किया.
मेरी कुंवारी गांड के छल्लेदार छेद को भी ससुर जी ने ही चोद चोद कर गांड का साइज भी बड़ा कर दिया.
उसके बाद मैंने 2 लड़कों को और जन्म दिया जो दोनों ही मेरे ससुर जी की चुदाई से मेरे गर्भ में आये थे.
ससुर जी ने मुझे बीवी की तरह चोद चोद कर दो लड़कों की मां बना दिया.
इस तरह हमारा जीवन खुशी-खुशी बीतने लगा, मुझे लंड की कभी कमी नहीं हुई. मेरी सास इस काण्ड में मेरा ओर अपने पति का खुल कर साथ देती थी.
मेरी Xxx बहू ससुर सेक्स कहानी आपको कैसी लगी? मुझे कमेंट्स और मेल में अवश्य बताइयेगा.
आपकी रिया[email protected]

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