चेन्नैई का काल-बॉय
मेरा नाम हरि सिंह, उम्र चब्बीस साल, चेन्नैई में रहता हूँ। अमिं अन्तर्वासना पर नियमित रूप से कहानियाँ पढ़ता हूँ।
अब मैं आपको अपनी एक कहानी सुनाता हूँ।
बात उन दिनों की है जब मैं इन्ज़िनियरिंग कर रहा था। मेरे एक दोस्त ने मुझे काल-बॉय सेवा के बारे में बताया और कहा- इसमें आमदनी भी अच्छी है और मज़ा भी है। तो पैसे के लिए मैं भी यह काम करने को तैयार हो गया और मेरे दोस्त ने मेरा सम्पर्क ऐसे किसी आदमी से करा दिया जो इस तरह का काम करता था।
एक दिन उसने मुझे एक महिला से मिलवाया। उस औरत का नाम रुबी था, वो लगभग ३३ साल की होगी पर उसका फ़ीगर मस्त था। उसके कपड़े देख कर लग रहा था कि वो बहुत अमीर है।
उस औरत ने मुझे एक होटल में मिलने को कहा। जब मैं वहाँ पहुँचा तो वो मेरा इन्तज़ार कर रही थी। हम दोनों होटल के कमरे में गए। उसने मेरा नाम पूछा और साथ ही यह भी पूछा- तुमने कभी चुदाई की है?
मैंने कहा- किया है पर आपकी उम्र की स्त्री के साथ नहीं। तब उसने मुझे मेरा लण्ड दिखाने को कहा और देख कर कहा कि यह तो बहुत ही लम्बा है, मेरे पति का तो इतना नहीं है। यह सुन कर मेरा थोड़ा आत्मविश्वास जागा और मैंने उसको बोला- कुछ घण्टे के लिए मैं आपका गुलाम हूँ और आपकी खिदमत के लिए आया हूँ, अगर आप मेरी बात मानती हैं और मेरे तरीके से चुदाई करवाती हैं तो आपको बड़ा मज़ा आएगा।
वो मैडम मान गई और मैंने अपना काम शुरू कर दिया। सबसे पहले मैंने उसके होंठों को चूमा दस मिनट तक। उसको बड़ा मज़ा आया। फ़िर मैंने उसके स्तनों को कपड़ों के ऊपर से ही दबाना शुरू किया तो वो आहऽ ह ऊहऽऽई करने लगी। फिर मैं धीरे धीरे उसके कट्स में किस करने लगा उसको बड़ा मजा आने लगा।
उसने कहा- तुम तो बड़े एक्सपर्ट हो !
तो मैंने उसको कहा- आपका सेवक हूँ !
फिर मैं अपने कम में लग गया और मैंने धीरे से उसके ब्लाउज़ के हुक खोल दिए। अब वो कसमसाने लगी, फिर मैंने उसकी ब्रा भी खोल दी। उसके बूब्स देख कर मैं हैरान रह गया। क्या मस्त बूब्स थे ! मजा आ गया !
अब एक स्तन को मैंने मुंह में रखा और दूसरे को हाथ से दबा रहा था, उसे बहुत मजा आ रहा था, वो बोल रही थी- और दबाओ ! और चूसो !
मैंने और जोर से दबाना चालू कर दिया। अब मैंने धीरे से एक हाथ उसकी पैंटी में डाल दिया। उसकी पैंटी उसके चूत के रस से भीगी थी। तब मैंने उसकी साड़ी भी खोल दी और उसकी पैंटी को भी निकाल दिया।
अब वो पूरी नंगी हो गई थी। मैं उसकी बूर में २ मिनट तक नीचे से ऊपर तक जीभ फिराता रहा। उसने बोला- ऐसे मत करो, नहीं तो मैं लीक हो जाऊँगी।
तो मैंने उसको कहा- यह तो पहली बार है, अभी तो मैं आपको कितनी बार लीक करूँगा। मैंने जीभ हिलाना चालू रखा और वो सचमुच लीक हो गई।