मामा की साली
प्रेषक : अमित
नमस्ते दोस्तो, मेरा नाम अमित है, मैं अन्तर्वासना का नियमित पाठक हूँ। बहुत दिनो से सोच रहा था कि अपनी भी कहानी आप लोगों के सामने प्रस्तुत करूँ पर हिम्मत नहीं कर पा रहा था। पर मेरे दोस्त के समझाने पर मैं अपनी कहानी आपके सामने रख रहा हूँ।
यह कहानी शुरू होती है मेरे मामा की शादी से !
उनकी एक साली है जो बहुत ही खूबसूरत है, उसका नाम है खुशबू ! दिखने में बहुत ही खूबसूरत है, उसका फिगर बड़ा ही गजब का है, उसके मम्में देखते ही मन करता है कि अभी पकड़ कर मसल डालूं ! पर क्या करूँ खुद पर काबू कर रखा था कि किसी को मालूम हो गया तो क्या होगा, मेरी बड़ी बदनामी होगी पर मुझे क्या मालूम था कि मैं जो उसके बारे में सोच रहा हूँ, वो भी मेरे बारे में वही सोचती है।
इस बात का मुझे तब मालूम हुआ जिस दिन मेरे मामा की शादी थी। उस दिन क्या हुआ कि घर में शादी का माहौल था, सभी मामा की शादी से बहुत खुश थे, वो इसलिये कि उनकी शादी बड़ी ही मुश्किल से हो रही थी।
तो क्या हुआ कि मामा की बारात घर से निकलकर शादी के पण्डाल में पहुँच गई थी। घर के सभी लोग वहाँ पहुँच गये थे। सब कुछ बड़ी ही धूमधाम से हो रहा थे, सब कुछ ठीक-ठाक चल रहा था कि मेरे मामा की साली मेरे पास आई अपनी कुछ सहेलियों के साथ और मेरे साथ मजाक करने लगी। पहले तो मैंने सब-कुछ हल्के में लिया पर जब कुछ ज्यादा ही होने लगा तो मैंने उसे देखा तो उसकी आँखों में एक चमक थी जैसे वो बरसों की प्यासी हो, जो मुझसे कुछ कहना चाहती हो।
तो बहरहाल सब ऐसे ही चलता रहा। एकाएक वो उठ कर जाने लगी, मैं उसे देखता रहा तो उसने आगे जाकर पीछे मुड़कर देखा और मुझे कुछ इशारा किया जैसे कि वो मुझे अपने पीछे बुला रही हो।
तो मैं उसके पीछे चल दिया, वो आगे आगे और मैं उसके पीछे-पीछे।
फ़िर वो एक कमरे में घुस गई, मैंने देखा कि वो मुझे बुला रही है उस कमरे में !
मैंने अपने चारों तरफ देखा कि कोई देख तो नहीं रहा है। फ़िर मैं उस कमरे में घुस गया। जैसे ही मैं कमरे में गया तो मैंने देखा कि उसने कमरे का दरवाज़ा बंद कर दिया और मुझे बेतहाशा चूमने लगी। मैं इस तरह के हमले के लिये तैयार नहीं था।
फिर क्या था, मैं जिस चीज के लिये मचल रहा था वो चीज आज मुझे सामने से मिल रही थी तो मैं मना कैसे कर सकता था। वो मुझे बेतहाशा चूमे जा रही थी, मैं भी उसे चूमे जा रहा था कि मैंने महसूस किया कि उसके हाथ मेरे लिंग पर थे। फिर क्या था, इससे मेरी हिम्मत बढ़ गई, मैंने उसे पूरा नंगा कर दिया, फिर उसने मुझे पूरा नंगा कर दिया।
फिर उसने मुझे पलंग पर गिरा दिया, मेरे ऊपर चढ़ गई और मुझे चूमने लगी। उसकी इन हरकतों से मेरा सोया हुआ लण्ड जाग ही चुका था। फिर मैंने उसे अपने नीचे गिरा लिया और उसके पूरे नंगे बदन को देखने लग गया।